श्लोक - १२४९

मन्मानस ! त्वयि सदा प्रिये तिष्ठति मामके ।
तमन्विष्य बहि: कस्मात् वृथा गच्छसि कुत्र वा ॥
Tamil Transliteration
Ullaththaar Kaadha Lavaraal Ullinee
Yaaruzhaich Cheriyen Nenju.
| Section | भाग–३: काम-काण्ड |
|---|---|
| Chapter Group | अध्याय 121 to 133 |
| chapter | मनस्येव कथनम् |